3 ओक्टुबर मंगलमय हो

0
36

गुडमॉर्निंग मंगलमय सुप्रभात ,
We are here to escort Mrs Gandhi into custody under Section (5) 2 of the Prevention of Corruption Act.”

आज 3 ओक्टुबर है , एक वह भी तीन अक्टूबर था 1977 का , इतिहास के पन्नों में दर्ज वो दिन है । यही दिन था जब राजनैतिक द्वेष से या वर्तमान सरकार की नादानियों ने बुरी तरह हार चुकी इंदिरा गांधी को दुबारा ताकतवर बनवा दिया ।
बात 1977 में आज के दिन की है जब इंदिरा के खि़लाफ एक एफआईआर दर्ज की गई थी। इस दिन आईपीएस अधिकारी एनके सिंह (सीबीआई) ने उन्हें एफआआईआर की एक प्रति दी थी जिसमें उन पर अपने सरकारी पद का दुरुपयोग करने और 1971 में चुनाव प्रचार के लिए सरकारी खर्च पर जीपों का प्रबंध करने का आरोप लगाया गया था। ये आरोप 1971 चुनाव में उनके प्रतिद्वंदी राज नारायन ने लगाया था।
साम 4:55 मिनट पर सीबीआई अधिकारी ने इंदिरा के आवास पर दस्तक दी, इंदिरा का कोई सहायक बाहर आया तो सीबीआई एसपी ने कहा- “We are here to escort Mrs Gandhi into custody under Section (5) 2 of the Prevention of Corruption Act.”
सीबीआई इंदिरा गांधी को गिरफ्तार करने के लिए उनके घर पहुंचे तो वरिष्ठ कांग्रेस नेताओं में अफरा तफरी मच गयी। राजीव और संजय गांधी एक कार में पुलिस के पीछे-पीछे चलते रहे। इंदिरा गांधी की हिरासत के लिए बड़कल झील के पास एक जगह चुनी गई थी। झील और फरीदाबाद के बीच का रेलवे फाटक बंद था। इंदिरा गांधी कार से नीचे उतरी और अपने वकील से सलाह करने की जिद करने लगीं। लेकिन इंदिरा जी को गिरफ्तार कर लिया गया । इसके बाद एनके सिंह उन्हें पुरानी दिल्ली में दिल्ली पुलिस की ऑफिसर्स मेस में ले गए। इंदिरा गांधी को वह जगह ठीक लगी और उन्होंने रात भर वहीं पर आराम किया।
अगली सुबह चार अक्टूबर को उन्हें मजिस्ट्रेट की अदालत में पेश किया गया तो मजिस्ट्रेट ने उन पर लगे आरोपों के समर्थन में सबूतों की मांग की। उन्होंने बताया कि पिछले दिन ही उनके खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई थी और सबूत अभी इकट्ठा किए जा रहे थे। मजिस्ट्रेट ने वादी पक्ष से पूछा कि तो फिर वे क्या करें। सरकार के पास कोई जवाब नहीं था। इसके बाद मजिस्ट्रेट ने इंदिरा गांधी को इस आधार पर साफ बरी कर दिया कि उनकी हिरासत के पक्ष में कोई सबूत नहीं दिया गया था।
इंदिरा के दोबारा राजनैतिक उभार में जनता पार्टी का भी बराबर का योगदान रहा और आज के दिन का भी ।।

आज मांनीनय प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी को संयुक्त राष्ट्र (यूएन) के सर्वोच्च पर्यावरण पुरस्कार
“चैंपियंस ऑफ द अर्थ” से सम्मानित किया जाएगा। पर्यावरण के क्षेत्र में असाधारण योगदान के लिए ये सम्मान दिया जाता है। दरअसल, पीएम मोदी जी को सतत विकास, जलवायु परिवर्तन पर अपने अनुकरणीय नेतृत्व और सकारात्मक कदम उठाने को लेकर इस अवॉर्ड से सम्मानित किया जा रहा है।

संयुक्त राष्ट्र संघ के प्रमुख एंटोनियो गुटेरस 1 अक्टूबर से ही भारत की यात्रा पर हैं ।अपनी यात्रा के दौरान वह आज वह राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और विदेश मंत्री सुषमा स्वराज से मुलाकात करेंगे ।

आज राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद जी जस्टिस रंजन गोगोई को देश का अगला मुख्य न्यायाधीश नियुक्त करते हुए उन्हें शपथ दिलवायेंगे । जस्टिस गोगोई भारत के 46वें चीफ जस्टिस के तौर पर शपथ लेंगे। वे इस पद पर 17 नवम्बर 2019 तक रहेंगे।

सुप्रीम कोर्ट में आज जस्टिस अभय मनोहर और जस्टिस यूयू ललित की अदलात में बिहार के नियेजित शिक्षकों के मामले में आखिरी और अहम सुनवाई होने वाली है। कोर्ट 3 लाख 69 हजार नियोजित शिक्षकों के समान काम समान वेतन के मामले की सुनवाई कर रहा है।

आज पटना के श्रीकृष्ण मेमोरियल हॉल में जदयू की तरफ से दलित-महादलित सम्मेलन का आयोजन किया गया है । इस कार्यक्रम को पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष और मुख्यमंत्री नीतीश कुमार भी सम्बोधित करेंगे ।

आज विक्रम संवत् 2075 आश्विन मास कृष्णा पक्ष की नवमी तिथि दिन बुधवार  आप सबके मनोकूल हो ।
जय श्री राम